Friday, March 5, 2021

#खूबसूरत पंक्तियां: हौसला

"परिंदों को मंजिल मिलेगी यकीनन उनके पर बोलते हैं अक्सर भी लोग खामोश रहते हैं जिनके हुनर बोलते हैं" - अज्ञात

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आरम्भ हैं प्रचण्ड...

आरम्भ है प्रचण्ड, बोले मस्तकों के झुंड आज जंग की घड़ी की तुम गुहार दो आन बान शान या कि जान का हो दान आज इक धनुष के बाण पे उतार दो आरम्भ है प...